PM Kusum Yojana : हरियाणा सरकार सोलर पंप पर दे रही 75% सब्सिडी! ऐसे मिलेगा लाभ जानिए

Published On: May 22, 2023
Follow Us



PM Kusum Yojana : देश की केंद्र सरकार और राज्य सरकार दोनों ही लोगों के लिए काफी सारी स्कीम चला रही है। जिसके तहत लोगों को काफी लाभ हो रहा है। 

आपको बता दें सरकार पीएम किसान योजना के साथ किसान क्रेडिट कार्ड योजना के तहत किसानों को काफी लाभ दे रही है।

आपको बता दें हाल ही में हरियाणा सरकार ने सौर पंप सब्सिडी योजना का लाभ दे रही है। इसके तहत किसानों को खेती में होने वाले खर्च में कमी लाने में काफी कमी आएगी।

वहीं जानकारी के लिए बता दें अगर एक किसान ट्यूबवेल से सिचांई करता है तो 1 अकड़ की सिंचाई के लिए करीब 15 घंटे का समय लगता है और डीजल इंजन से ये सिंचाई की जाती है।

तो करीब 1000 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक का डीजल की खर्च होता है और किसी भी फसल में 5 से 6 बार सिंचाई करने पर किसान का लभगभ 10 हजार रुपये का खर्च होता है।

लेकिन किसान इस हो रहे खर्च को बचा सकते हैं जिसके लिए केंद्र सरकार की कुसुम योजना काफी सहीं साबित हो रही है और 75 फीसदी सब्सिडी पर सौर पंप दिए जा रहे हैं।

स्कीम का लाभ उठाने के लिए जरुरी शर्ते

बता दें हरियाणा सरकार सोरल पंप सब्सिडी योजना के तहत 75 फीसदी सब्सिडी पर किसानों को 3एचपी से 10एचपी के सोलर वाटर पंप दे रही है।

इस स्कीम का लाभ वही किसान ले सकते हैं जिनके पास बिजली पंप का कनेक्शन न हो, किसान के पास खेती का मालिकाना हक और किसान ने पहले सोलर पंप का कनेक्शन न ले रखा हो।

मोबाइल से पंप को चलाने की सुविधा

किसानों का कहना है कि ये सरकार की इस स्कीम के लाभ से जहां से अब उन्हें डीजल नहीं जलाना पड़ता है। 

वहीं समय की भी काफी सेविग हो जाती है और वे पंप को अपने मोबाइल से भी ऑपरेट कर पाते हैं पहले डीजल इंजन चलाकर उसके पास बैठना पड़ता था लेकिन अब ऐसी कोई समस्या नहीं हो रही है। 

किसान सरकार का शुक्रिया करते हुए कह रहे हैं कि पंप लगाने के बाद अब सभी प्रकार की खेती आसानी से हो रही है।

कावेरी

कावेरी "द न्यूज़ रिपेयर" की एक समर्पित और खोजी पत्रकार हैं, जो जमीनी हकीकत को सामने लाने के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी में सामाजिक सरोकार, जनहित और निष्पक्ष रिपोर्टिंग की झलक मिलती है। कावेरी का उद्देश्य है—सच्ची खबरों के ज़रिए समाज में बदलाव लाना और उन आवाज़ों को मंच देना जो अक्सर अनसुनी रह जाती हैं। पत्रकारिता में उनकी पैनी नजर और निष्पक्ष दृष्टिकोण "द न्यूज़ रिपेयर" को विश्वसनीयता की नई ऊँचाइयों तक ले जा रहे हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment