Haryana HCS Exam: हरियाणा में इस बार HCS परीक्षा का आयोजन बड़े स्तर पर किया जा रहा है। परीक्षा राज्य के 8 जिलों अंबाला, फरीदाबाद, गुरुग्राम, करनाल, कुरुक्षेत्र, पानीपत, यमुनानगर और पंचकूला में आयोजित हो रही है। इन जिलों में कुल 337 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां प्रशासन ने सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। सभी केंद्रों पर CCTV निगरानी, बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन और पुलिस बल की तैनाती की गई है, जबकि केंद्रों के आसपास धारा 144 भी लागू की गई है।
दो शिफ्ट में परीक्षा, 96 हजार से ज्यादा अभ्यर्थी शामिल
इस बार HCS प्रीलिम्स परीक्षा में 96,000 से अधिक उम्मीदवार शामिल हो रहे हैं। परीक्षा दो शिफ्ट में आयोजित की जा रही है। सुबह 10 बजे से 12 बजे तक और शाम 3 बजे से 5 बजे तक। बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों के कारण शहरों में ट्रैफिक और भीड़ बढ़ी हुई देखी गई। कई अभ्यर्थी समय से पहले ही परीक्षा केंद्रों पर पहुंचते नजर आए।
प्रीलिम्स परीक्षा पैटर्न में बड़ा बदलाव
हरियाणा सरकार ने इस बार परीक्षा पैटर्न में अहम बदलाव किया है। अब प्रारंभिक परीक्षा 400 अंकों की होगी, जिसमें दो ऑब्जेक्टिव प्रश्नपत्र शामिल हैं। पहले यह परीक्षा 200 अंकों की होती थी, लेकिन अब इसे दोगुना कर दिया गया है। इस बदलाव का उद्देश्य उम्मीदवारों की तार्किक क्षमता, विश्लेषण कौशल और समग्र समझ का बेहतर आकलन करना है।
मेंस परीक्षा 600 अंकों की होगी
मुख्य परीक्षा (मेंस) अब कुल 600 अंकों की होगी। इसमें सामान्य अध्ययन के चार पेपर शामिल किए गए हैं, साथ ही वर्णात्मक प्रश्नपत्र भी जोड़े गए हैं। प्रत्येक पेपर 3 घंटे का होगा और अधिकतम 100 अंक निर्धारित किए गए हैं। नए सिलेबस में उत्तर लेखन क्षमता को विशेष महत्व दिया गया है।
क्या है HCS परीक्षा और क्यों है महत्वपूर्ण?
हरियाणा लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित HCS परीक्षा राज्य की सबसे प्रतिष्ठित सरकारी परीक्षाओं में से एक मानी जाती है। इस परीक्षा के माध्यम से SDM, DSP और तहसीलदार जैसे उच्च प्रशासनिक पदों पर भर्ती की जाती है। चयन प्रक्रिया तीन चरणों प्रीलिम्स, मेंस और इंटरव्यू में पूरी होती है। जो उम्मीदवार इन तीनों चरणों को सफलतापूर्वक पार करता है, वही प्रशासनिक सेवा में चयनित होता है।











