Haryana News: हरियाणा सरकार ने ट्रैवल एजेंटों से जुड़े नियमों में अहम बदलाव करते हुए ‘हरियाणा रजिस्ट्रेशन एंड रेगुलेशन ऑफ ट्रैवल एजेंट्स (अमेंडमेंट) एक्ट, 2026’ लागू कर दिया है। इस नए कानून का उद्देश्य विदेश भेजने के नाम पर होने वाली ठगी पर रोक लगाना और नियमों को केंद्र सरकार के कानूनों के अनुरूप बनाना है।
केंद्र के कानून से टकराव के बाद हुआ संशोधन
इससे पहले लागू 2025 के कानून पर विदेश मंत्रालय ने आपत्ति जताई थी। मंत्रालय के अनुसार, राज्य के कुछ प्रावधान उत्प्रवास अधिनियम, 1983 से टकरा रहे थे। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने कानून में संशोधन किया है, ताकि दोनों के बीच स्पष्टता बनी रहे। Haryana News
ये किया गया बदलाव
संशोधित कानून के तहत ट्रैवल एजेंट की भूमिका सीमित कर दी गई है। अब एजेंट केवल यात्रा (टूर-ट्रैवल) से जुड़े काम ही कर सकेंगे। विदेश में नौकरी दिलाने या भर्ती प्रक्रिया से जुड़े कार्य पूरी तरह केंद्र सरकार के कानून के तहत आएंगे। Haryana News
‘प्रवासी’ की परिभाषा से नौकरी के लिए विदेश जाने वालों को बाहर कर दिया गया है। यदि राज्य और केंद्र के कानून में टकराव होगा, तो केंद्र का कानून ही लागू होगा। Haryana News
यह संशोधन मार्च 2026 में हरियाणा विधानसभा से पास हुआ था। इसके बाद 10 अप्रैल को राज्यपाल की मंजूरी के लिए भेजा गया और 4 मई को इसकी अधिसूचना जारी कर दी गई। हालांकि, इसके विस्तृत नियम अभी जारी होने बाकी हैं, जिन्हें जल्द लागू किए जाने की बात कही जा रही है। Haryana News
आम लोगों को कैसे मिलेगा फायदा?
धोखाधड़ी करने पर फर्जी ट्रैवल एजेंट की संपत्ति जब्त की जा सकती है। पीड़ितों को मुआवजा दिलाने का प्रावधान किया गया है। Haryana News
मानव तस्करी या फर्जी दस्तावेजों के मामलों में 7 से 10 साल तक की सजा और 2 से 5 लाख रुपये तक जुर्माना लगेगा। बिना रजिस्ट्रेशन एजेंट बनने पर 2 से 7 साल तक की सजा का प्रावधान है। Haryana News
शिकायत के लिए नया सिस्टम
इस संशोधित कानून में लोकपाल की व्यवस्था भी जोड़ी गई है। अब कोई भी पीड़ित सीधे लोकपाल के पास शिकायत दर्ज करा सकता है। लोकपाल मामले की सुनवाई करेगा और जरूरत पड़ने पर ही पुलिस को कार्रवाई के लिए भेजेगा।







