अभय सिंह, जो प्रयागराज महाकुंभ में “IIT बाबा” के नाम से चर्चा में आए थे, सोमवार को अपनी पत्नी प्रीतिका के साथ बैंक खाते की KYC अपडेट कराने के लिए झज्जर तहसील पहुंचे। इस दौरान वे अपने पिता के एडवोकेट चैंबर में कुछ समय रुके और मीडिया से बातचीत भी की।
तहसील परिसर में उनके पहुंचते ही लोगों की भीड़ जुट गई। कई लोग उनके साथ सेल्फी लेने लगे, वहीं कुछ लोगों ने उनके साथ पुरानी यादें भी साझा कीं। अभय सिंह ने बताया कि उनकी पत्नी प्रीतिका बेंगलुरु की रहने वाली हैं और दोनों एक ही विजन पर साथ काम कर रहे हैं। माता-पिता से मिलने के सवाल पर उन्होंने कहा कि वे उनसे जरूर मिलेंगे, लेकिन बड़े उद्देश्य के लिए कभी-कभी छोटे दायरे से बाहर निकलना पड़ता है।
इसके बाद अभय सिंह अपनी पत्नी के साथ अपने पैतृक गांव भी पहुंचे, जहां उनकी मां ने बहू का पारंपरिक तरीके से स्वागत करते हुए आरती उतारी और गृह प्रवेश करवाया। इस मौके पर परिवार के सदस्य और ग्रामीण भी मौजूद रहे।
अभय सिंह ने बताया कि वे “श्री यूनिवर्सिटी” स्थापित करने की दिशा में काम कर रहे हैं। इस संस्थान में सांसारिक शिक्षा के साथ-साथ आध्यात्मिक साधना को भी जोड़ा जाएगा। उनका कहना है कि यहां पारंपरिक ज्ञान और आध्यात्मिक साधना—दोनों को एक साथ सिखाया जाएगा।







