Haryana Vidhan Sabha Session: हरियाणा विधानसभा का एक दिवसीय विशेष सत्र आज सुबह 11 बजे शुरू होगा। सत्र की शुरुआत शोक प्रस्ताव, नियम-16 के तहत प्रस्ताव और सदन में आवश्यक कागजात पेश करने से होगी, जिसके बाद विधायी कार्य आगे बढ़ाया जाएगा। विधानसभा सचिवालय की ओर से सभी विधायकों को अस्थायी कार्यक्रम की सूचना पहले ही जारी कर दी गई है।
सत्र से पहले सियासी माहौल गरम
सत्र शुरू होने से पहले ही प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई है, जिसमें पार्टी से निलंबित विधायकों को भी शामिल होने का संदेश भेजा गया है। दूसरी ओर सत्तारूढ़ भाजपा सदन में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर कांग्रेस के रुख के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाने की तैयारी में है।
महिला आरक्षण पर आमने-सामने भाजपा-कांग्रेस
कांग्रेस विधायक आफताब अहमद के अनुसार पार्टी लोकसभा की 543 सीटों में 33% महिला आरक्षण और राज्यों की विधानसभाओं में भी यही व्यवस्था लागू करने का प्रस्ताव रखेगी। भाजपा का कहना है कि केंद्र सरकार पहले ही नारी शक्ति वंदन अधिनियम के जरिए महिलाओं को 33% आरक्षण देने का रास्ता साफ कर चुकी है, ऐसे में कांग्रेस का रुख विरोधाभासी है। इस मुद्दे पर सदन में जोरदार बहस और हंगामे के आसार हैं।
क्लेरिकल सर्विस बिल 2026 रहेगा केंद्र में
सत्र के दौरान हरियाणा क्लेरिकल सर्विसेज बिल 2026 भी पेश किया जाएगा, जिसे कैबिनेट पहले ही मंजूरी दे चुकी है। इस बिल के तहत ग्रुप-डी कर्मचारियों के लिए क्लर्क पद पर प्रमोशन कोटा 20% से बढ़ाकर 30% किया जाएगा। साथ ही 5 साल की सेवा पूरी करने वाले कर्मचारियों को पदोन्नति के लिए पात्र माना जाएगा और 5% एक्स-ग्रेशिया पद भी सुनिश्चित किए जाएंगे।
निलंबित विधायकों पर रहेगी नजर
राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के आरोप में निलंबित विधायक शैली चौधरी, रेनू बाला, मोहम्मद इसराइल, मोहम्मद इलियास और जरनैल सिंह को भी बैठक में शामिल होने का संदेश दिया गया है। सत्र के दौरान इन विधायकों की गतिविधियों पर सभी की नजर रहेगी।
हंगामेदार सत्र के आसार
महिला आरक्षण, निंदा प्रस्ताव और महत्वपूर्ण विधेयक जैसे मुद्दों के चलते यह विशेष सत्र राजनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है। सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस के साथ सत्र के हंगामेदार रहने की पूरी संभावना है।







