Haryana : शिक्षकों को जल्द मिलेगी बड़ी राहत! नई तबादला नीति को जल्द मिल सकती है मंजूरी

Published On: September 19, 2025
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Teachers will soon get big relief!

Haryana : तबादला अभियान का इंतज़ार कर रहे शिक्षकों के लिए राहत भरी खबर है। नई संशोधित तबादला नीति को नवरात्रि के दौरान मंजूरी मिल सकती है। मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) ने तबादला अभियान को हरी झंडी दे दी है। अब मुख्य सचिव कार्यालय का मानव संसाधन विभाग नीति का अंतिम मसौदा तैयार कर रहा है। शिक्षा विभाग ने भी विभिन्न श्रेणियों के शिक्षकों के लिए ऑनलाइन तबादला अभियान का मसौदा तैयार कर लिया है।

इस बीच, शुक्रवार को हरियाणा स्कूल लेक्चरर्स एसोसिएशन (हसला) का एक प्रतिनिधिमंडल प्रदेशाध्यक्ष सतपाल सिंधु के नेतृत्व में मुख्यमंत्री के उप मुख्य सचिव यशपाल यादव से मिला और मांगों का एक ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षकों का तबादला अभियान जल्द शुरू करने की मांग पर ज़ोर दिया। यशपाल यादव ने आश्वासन दिया कि संशोधित तबादला नीति का मसौदा तैयार कर लिया गया है और जल्द ही इसकी अधिसूचना जारी कर दी जाएगी।

हसला ने शिक्षकों की कई अन्य समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया। बैठक के दौरान पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) की बहाली की मांग भी उठाई गई। बैठक में कहा गया कि प्रधानाचार्य के लगभग 250 रिक्त पदों पर पदोन्नति प्रक्रिया शीघ्र शुरू की जाए।

मांग की गई कि एचसीएस व आईएएस भर्ती में पीजीटी (ग्रुप-बी) शिक्षकों को भी मौका दिया जाए। पीजीटी पदनाम को लेक्चरर में बदलने और चिकित्सा प्रतिपूर्ति संबंधी फाइलों को अंतिम रूप देने की भी मांग की गई।

एसोसिएशन ने पैनलबद्ध अस्पतालों में कैशलेस इलाज की सुविधा के संबंध में स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की। इसके साथ ही, प्रोबेशन अवधि पूरी कर चुके प्राध्यापकों को स्थायी करने, सीसीएल (चाइल्ड केयर लीव) ऑनलाइन पोर्टल का लिंक जारी करने और एचआरए की संशोधित दरें लागू करने का मुद्दा भी उठाया गया।

हसला ने कहा कि एसीपी, चिकित्सा प्रतिपूर्ति, सीसीएल, अवकाश और अध्ययन अनुमति जैसी लंबित फाइलों में सिटीजन चार्टर का पालन किया जाए।

 

Sahab Ram

साहब राम "द न्यूज़ रिपेयर" के एक समर्पित और खोजी पत्रकार हैं, जो जमीनी हकीकत को सामने लाने के लिए जाने जाते हैं। उनकी लेखनी में सामाजिक सरोकार, जनहित और निष्पक्ष रिपोर्टिंग की झलक मिलती है। साहब का उद्देश्य है—सच्ची खबरों के ज़रिए समाज में बदलाव लाना और उन आवाज़ों को मंच देना जो अक्सर अनसुनी रह जाती हैं। पत्रकारिता में उनकी पैनी नजर और निष्पक्ष दृष्टिकोण "द न्यूज़ रिपेयर" को विश्वसनीयता की नई ऊँचाइयों तक ले जा रहे हैं।

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