केरल में मंकीपॉक्स का सामने आया तीसरा मामला, राज्य में 14 ज़िलों को रखा गया अलर्ट पर

Published On: July 22, 2022
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नई दिल्ली: केरल में मंकीपॉक्स के मामले बढ़ते जा रहे है. हाल ही में यहाँ मंकीपॉक्स (Monkeypox) का एक और मामला मिला है. राज्य के स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने ये जानकारी दी है. संक्रमित शख्स यूएई (UAE) से मल्लपपुरम आया है

केरल में ये तीसरा मामला सामने आया है. भारत में मंकीपॉक्स (Monkeypox in India) का पहला मामला 14 जुलाई को सामने आया था. संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से लौटे एक 35 साल के शख्स में मंकीपॉक्स होने की पुष्टि हुई थी. इसके बाद एक उच्चस्तरीय केंद्रीय टीम केरल भेजी गई थी. इस टीम को स्वास्थ्य उपायों को लागू करने करने के लिए राज्य के अधिकारियों की मदद करने की जिम्मेदारी दी गई थी.

14 ज़िलों में जारी किया गया अलर्ट

केरल सरकार ने तुरंत कदम उठाते हुए  4 जिलों में अलर्ट जारी कर दिया था. इसके साथ ही राज्य के चारों हवाई अड्डों पर हेल्प डेस्क (Help Desks) बना दी गईलेकिन 13 जुलाई को दुबई से कन्नूर पहुंचे 31 साल के एक व्यक्ति में मंकीपॉक्स (Monkeypox) संक्रमण का दूसरा मामला सामने आया जिसकी पुष्टि बीते 18 जुलाई को हुई

ऐसे फैलता है ये रोग

जानकारों के मुताबिक़ यह एक इंसान से दूसरे इंसान में एकदूसरे की सांस ड्रॉप्लेट्स से फैलता है. हालांकि यह तभी संभव है, जब कोई दूसरा इंसान संक्रमित मरीज के साथ बहुत लंबे वक्त तक नजदीकी संपर्क में रहा हो

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि मंकीपॉक्स (Monkeypox Virusका वायरस मरीज के शरीर के तरल पदार्थ या घाव के सीधे संपर्क में आने से फैलता है. मरीज के इस्तेमाल किए गए कपड़ों के जरिए भी ये फैलता है. हालांकि,मंकीपॉक्स खास तौर पर एक जूनोसिस है, मतलब ऐसी बीमारी जो संक्रमित जानवरों से इंसानों में फैलती है.

अफ्रीका में इस बीमारी के फैलने की यही वजह रही, लेकिन भारत में मंकीपॉक्स (Monkeypox in Indiaके इस तरह फैलने की संभावना बेहद कम है. स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि जानवरों से इंसान में मंकीपॉक्स संक्रमण केवल संक्रमित जानवरों के काटने, खरोंचने या जंगली जानवरों का मांस खाने से ही फैल सकता है. इनमें चूहे, गिलहरियां,बंदर जैसे जानवर शामिल हैं

कावेरी

कावेरी "द न्यूज़ रिपेयर" की एक समर्पित और खोजी पत्रकार हैं, जो जमीनी हकीकत को सामने लाने के लिए जानी जाती हैं। उनकी लेखनी में सामाजिक सरोकार, जनहित और निष्पक्ष रिपोर्टिंग की झलक मिलती है। कावेरी का उद्देश्य है—सच्ची खबरों के ज़रिए समाज में बदलाव लाना और उन आवाज़ों को मंच देना जो अक्सर अनसुनी रह जाती हैं। पत्रकारिता में उनकी पैनी नजर और निष्पक्ष दृष्टिकोण "द न्यूज़ रिपेयर" को विश्वसनीयता की नई ऊँचाइयों तक ले जा रहे हैं।

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