Chandra Grahan 2026: आज चंद्रग्रहण लगने वाला है और इस समय आपको क्या सावधानियाँ बरतनी है इसको लेकर हम आज बात करने वाले है। आज फाल्गुन मास की पूर्णिमा तिथि पर साल 2026 का पहला और बड़ा चंद्रग्रहण लग रहा है।
यह चंद्रग्रहण लगभग 3 घंटे 27 मिनट का रहेगा और दोपहर 3 बजकर 21 मिनट से शुरू होगा। शास्त्रों के अनुसार चंद्रग्रहण का सूतक काल ग्रहण से 9 घंटे पहले शुरू हो जाता है। ऐसे में सुबह 6 बजकर 21 मिनट से देशभर में सूतक काल लागू हो चुका है।
क्या न करें?
सूतक काल में बाल और नाखून नहीं कटवाने चाहिए। Chandra Grahan 2026
मंदिरों के कपाट बंद कर दिए जाते हैं, इसलिए मूर्तियों को स्पर्श करने से बचें।
ग्रहण के दौरान खाना-पीना, सोना और शरीर पर तेल की मालिश करना वर्जित माना गया है।
बच्चों, वृद्धों, रोगियों और गर्भवती महिलाओं को भोजन या दवा लेने में कोई दोष नहीं माना जाता। Chandra Grahan 2026
सूतक से पहले दूध, दही, अचार, चटनी या मुरब्बे में कुशा डाल देने से इन्हें अशुद्ध नहीं माना जाता।
गर्भवती महिलाओं के लिए विशेष सावधानियां
ग्रहण काल में सुई, चाकू, कैंची जैसी नुकीली वस्तुओं का प्रयोग न करें। Chandra Grahan 2026
चंद्रग्रहण के दौरान भोजन पकाने से बचें।
ग्रहण के दर्शन करने से परहेज करें।
सिलाई, कढ़ाई जैसे कार्य न करें। Chandra Grahan 2026
कब दिखेगा चंद्रग्रहण?
दिल्ली – शाम 6:21 बजे से, लगभग 29% दृश्य
जालंधर – शाम 6:29 बजे से, 25% दृश्य
देहरादून – शाम 6:27 बजे से, 29% दृश्य
वाराणसी – शाम 6:02 बजे से, 65% दृश्य
चंडीगढ़ – शाम 6:22 बजे से, 28% दृश्य
जम्मू – शाम 6:31 बजे से, 23% दृश्य
इम्फाल – शाम 5:13 बजे से, लगभग 96% (परमग्रास) दृश्य
चंद्रग्रहण में पाठ के लाभ
हनुमान चालीसा का पाठ चंद्रग्रहण के दौरान अत्यंत शुभ और फलदायी माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि इससे मानसिक शांति मिलती है और ग्रहण की नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होता है। Chandra Grahan 2026
इसी के साथ भक्त Sundara Kanda का पाठ भी कर सकते हैं। ऐसा करने से आत्मबल और सकारात्मक ऊर्जा में वृद्धि होती है।












